यहां मौत के बाद शव को नहीं दफनाते, घरों में रखते हैं सालों-साल; कुछ ऐसी है अजीबो -गरीब कहानी..!!

इंडोनेशिया में एक ऐसा परंपरा है| जहां यह समाज है कि परिवार के किसी की भी मौत हो जाने पर न तो अंतिम संस्कार करते हैं और न ही दफनाते हैं| अक्सर उन्हें अपने साथ ही रखते हैं| तोराजन समाज के लोग मृत्यु को भी अपने जीवन का एक हिस्सा मानते हैं| हालांकि परिवार के मृत सदस्य के साथ ही जीते हैं| इस समाज में लोग जैसी अपनी लाइफ स्टाइल जीते हैं| उसके बिल्कुल विपरीत जीते हैं| इंडोनेशिया में सुलावेसी के पहाड़ों में रहने वाले तोराजन समाज के लोग मरे हुए लोग के साथ ऐसा व्यवहार करते हैं| जैसे वह बीमार हैं ना कि कोई शव|

रीती रिवाज़ के रूप से इस समाज के लोग मृत सदस्य को रोजाना दोपहर के खाने के लिए आमंत्रित करते हैं| ऐसा वह जब तक करते हैं| जब तक कि उन्हें आखिर दफना ना दिया जाए| द गार्जियन के खबर के मुताबिक, परिवार अपने मरे हुए इंसान के शव को सालों-साल तक अपने घरों में रखते हैं|

सुलावेसी की तोराजन अनुसार, हर दिन मरे हुए इंसान को खाना खिलाने और शव को परिवार के घर के एक अलग कमरे में बिस्तर पर रखते हैं| क्योंकि यह एक रीती -रिवाज़ की प्रथा है| यह तब तक किया जाता है जब तक कि परिवार मरे हुए इंसान का उचित अंतिम संस्कार नहीं कर देता| असल में, जब अंतिम संस्कार करने का समय आता है तो शव को कब्र में दफनाया जाता है| दफनाने के बाद भी शव की रोज़ देखभाल की जाती है| और साफ-सफाई का ध्यान रखा जाता है| मेनने नाम की एक समाज के मुताबिक नए कपड़े दिए जाते हैं|